शाहजमाल वक्फ संपत्ति को लेकर प्रतिनिधिमंडल ने मंडलायुक्त से की मुलाकात
अलीगढ़, । वक्फ संख्या 63, शाहजमाल पोतना गद्दे पर नगर निगम द्वारा कथित रूप से किए जा रहे कब्जे के प्रयास के विरोध में आज विपक्षी दलों के एक प्रतिनिधिमंडल ने मंडलायुक्त महोदया से मुलाकात की। प्रतिनिधिमंडल ने मामले की निष्पक्ष पैमाइश कराने की मांग करते हुए ज्ञापन सौंपा।

प्रतिनिधिमंडल ने मांग की कि भविष्य में नगर निगम, विकास प्राधिकरण अथवा अन्य किसी संस्था द्वारा किसी भी कब्रिस्तान या अन्य वक्फ संपत्ति पर वक्फ ट्रिब्यूनल की अनुमति के बिना कोई नोटिस, कार्रवाई या कब्जे का प्रयास न किया जाए। प्रतिनिधिमंडल का कहना था कि वक्फ ट्रिब्यूनल, वक्फ अधिनियम 1995 के तहत गठित एक विशेष अर्ध-न्यायिक संस्था है, जिसे वक्फ संपत्तियों एवं उनसे जुड़े विवादों के निस्तारण का अधिकार प्राप्त है।

पूर्व महापौर प्रत्याशी सलमान शाहिद ने कहा कि शाहजमाल कब्रिस्तान पर कब्जे के प्रयास के बाद नगर निगम द्वारा गरीब मंजिल क्षेत्र में कई वर्षों से रह रहे लोगों के मकानों को, न्यायालय का आदेश होने के बावजूद, एक घंटे के भीतर खाली कराने का प्रयास न्यायालय की अवमानना के समान है। उन्होंने कहा कि यदि न्यायपालिका के आदेशों का सम्मान नहीं किया जाएगा तो कानून व्यवस्था पर प्रश्नचिह्न खड़े होंगे। उन्होंने चेतावनी दी कि भविष्य में इस प्रकार की कथित अवैध या अनैतिक कार्रवाई को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
इस अवसर पर पूर्व महापौर मोहम्मद फुरकान, अब्दुल कादिर, ख्वाजा जिब्रान, आगा यूनुस, मोहम्मद फैजान, मोहम्मद मोईन, मुफ्ती जाहिद सहित अन्य लोग उपस्थित रहे। प्रतिनिधिमंडल ने कहा कि हर हाल में वक्फ संपत्तियों की रक्षा की जाएगी।
